जनसुनवाई में आए  195  आवेदकों की प्राप्त शिकायतों के शीघ्र निराकरण के कलेक्टर ने दिये निर्देश

सोनू त्रिपाठी  रिपोर्टर कटनी - राज्य शासन के निर्देशानुसार प्रत्येक मंगलवार को होने वाली जनसुनवाई में कलेक्टर कार्यालय पहुंचे जिलेभर के 195 आवेदकों ने अपनी समस्या से अवगत कराते हुये आवेदन अधिकारियों को दिया। कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई में Collector Katni शशिभूषण_सिंह सहित संयुक्त कलेक्टर सपना त्रिपाठी, एसडीएम बलबीर रमन ने प्रातः 11 बजे से जिले के दूरदराज क्षेत्रों से आये एक-एक आवेदक की समस्या सुनी और सभाकक्ष में जनसुनवाई के दौरान उपस्थित विभाग प्रमुख अधिकारियों को समस्याओं का निराकरण के संबंध में निर्देशित किया।जनसुनवाई में मुख्य रुप से खाद्यान्न पर्ची जारी नहीं होने के कारण खाद्यान्न अभाव, पेयजल, ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत से संबंधित समस्यायें, मध्यान्ह भोजन में स्वसहायता समूहों और रसोईये की समस्या तथा विद्युत देयकों से संबंधित समस्यायें शामिल रहीं। कलेक्टर शशिभूषण सिंह, संयुक्त कलेक्टर सपना त्रिपाठी व एसडीएम बलबीर रमन ने जिले के दूर दराज क्षेत्रों से आये कुल 195 लोगों के आवेदनों की समस्याओं को सुना और तत्काल निराकृत हो सकने वाली समस्याओं का निराकरण कराया। तत्काल निराकृत नहीं हो सकने वाली समस्याओं के आवेदनों पर निराकरण की समय सीमा निर्धारित कर संबंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया। जनसुनवाई में कलेक्ट्रेट पहुंची लीला बाई ने गतदिनों अपने कच्चे मकान के गिर जाने की जानकारी देते हुये मुआवजा दिलाने के संबंध में आवेदन अधिकारियों को दिया। उसने बताया कि 27 जुलाई की रात्रि को मेरा कच्चा मकान क्षतिगस्त हो गया है और साथ ही घर का सामान भी मकान गिरने से नष्ट हो चुका है। इस पर तहसीलदार कटनी को प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिये। तहसील कटनी अन्तर्गत ग्राम हिरवारा से जनसुनवाई में आये नेतीराम ने गरीबी रेखा का कार्ड बनवाने के लिये अपना आवेदन जनसुनवाई में दिया। 50 वर्षीय नेतीराम ने बताया कि उसकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। जिससे परिवार का भरण पोषण भी ठीक से नहीं हो पा रहा है। इस पर एसडीएम कटनी को आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। ढीमरखेड़ा तहसील के ग्राम सरसवाही से आये सुरेश यादव ने विद्युत बिल की समस्या जनसुनवाई में अधिकारियों को बताई। आवेदन देते हुये उसने कहा कि मेरे घरेलू बिजली का बिल समय पर नियमित रुप से भुगतान किया जाता है। 300 रुपये से लेकर 500 रुपये प्रतिमाह तक बिजली बिल आता था। पूर्व का भी भुगतान शेष ना होने पर भी विद्युत विभाग द्वारा 19 हजार 771 रुपये का बिल भेजा गया है। इस पर विद्युत विभाग के अधिकारियों को आवेदक सुरेश की समस्या के संबंध में जांच करने और आवश्यक कार्यवाही के निर्देश जनसुनवाई में दिये गये।



Share To:

Post A Comment: