विकास कुमार पटेल /KKK  न्यूज़ ब्यूरो रिपोर्ट/प्रयागराज   

मण्डलायुक्त, एडीजी, डीआईजी, जिलाधिकारी, एसएसपी, नगर आयुक्त, उपाध्यक्ष पीडीए की उपस्थिति में शहर के महत्वपूर्ण कार्यों पर किया गया विचार-विमर्श

पीएमसी की टीम शहर के ट्राफिक मैनेजमेंट की प्रतिदिन, साप्ताहिक एवं मासिक रिपोर्ट मण्लायुक्त को करेंगी प्रस्तुत 

पुलिस की डिस्प्ले स्क्रीनों पर पब्लिक से जुडी सूचनाओं के साथ ट्राफिक की गतिविधियों की दी जायेगी सूचनायें की जायेंगी प्रसारित 

पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम से लोगो से सीधे सम्पर्क कर उस क्षेत्र की लॉ एण्ड आर्डर की स्थिति को किया जायेगा दुरूस्त 

जनसामान्य की सुरक्षा के दृष्टिगत बस सेल्टरों मे कैमरा, एलईडी लाईट, मोबाईल चार्जिंग, पैनिक बटन के साथ सोलर सिस्टम लगाये जाने पर किया गया विचार 

पुलिस के यूपी 100 वाहनो तथा कैदियों को ले जाने वालों वाहनों पर कैमरा लगाये जाने एवं थानो, कारागारो को कैमरों से जोड़ने  पर बैठक मे किया गया विचार-विमर्श

यातायात व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में निर्धारित गति सीमा से अधिक तेज चलाने वाहनों तथा गलत रूट पर वाहन चलाने वालो का कैमरों की मदद से काटा जायेगा चालान

शहर के विभिन्न स्कूलों, हास्पिटलों, कोचिंग संस्थानों, शापिंग माल, पेट्रोल पम्पों एवं बैंकों के पैसा ले जाने वाले वाहनों मे कैमरा लगाये जाने हेतु की जायेगी सम्बन्धित संस्थानों के साथ बैठक 

11 सितम्बर 2019 प्रयागराज। 

प्रयागराज मेला प्राधिकरण के आईसीसीसी सभागार में आईसीसीसी एवं स्मार्ट पुलिसिंग की बैठक हुयी। जिसमें मण्डलायुक्त डॉ. आशीष कुमार गोयल, अपर पुलिस महानिदेशक  सुजीत पाण्डेय, डीआईजी  के.पी. सिंह, जिलाधिकारी  भानुचन्द्र गोस्वामी, एसएसपी  सत्यार्थ अनिरूद्ध पंकज,  नगर आयुक्त डॉ. उज्जवल कुमार, उपाध्यक्ष प्रयागराज विकास प्राधिकरण   टी.के. शिबू, एसपी ट्राफिक  कुलदीप कुमार सहित पीएमसी एवं एलएनटी की टीम के सदस्य मौजूद थे।

बैठक में शहर को सर्विलांस कैमरों को शहर के विभिन्न स्थलों पर लगाते हुए कैमरों को आईसीसीसी से कनेक्ट किये जाने पर विचार किया गया। इसके साथ ही ट्राफिक व्यवस्था को और दुरूस्त करने की रणनीति बनायी गयी, जिसमे रेड लाईट, सड़क की भीड़ को देखते हुए उसकी टाइमिंग में आटोमेंटिग बदले इस पर कार्य करने को कहा गया। मण्डलायुक्त ने पीएमसी के अधिकारियों को निर्देशित किया कि ट्राफिक मैनेजमेंट के लिए अनुभवी लोगों को टीम मे जोडे तथा प्रतिदिन, साप्ताहिक एवं मासिक स्तर पर ट्राफिक मैनेजमेंट की रिपोर्ट प्रस्तुत की जाय।।

मण्डलायुक्त ने पुलिस की बीएमडी(डिस्प्ले स्क्रीन) के बारे में जानकारी ली। उन्होंने जन सामान्य को जागरूक करने एवं उन्हें ट्राफिक गतिविधियों से अपडेट की सूचनाएं इन स्क्रीनों पर प्रसारित करने पर जोर दिया। इसके साथ ही इन स्क्रीनों पर स्वास्थ्य, पुलिस, नगर निगम, जिला प्रशासन आदि की पब्लिक से जुड़ी हुई महत्वपूर्ण जानकारियां को भी प्रसारित करने पर जोर दिया गया। मंडलायुक्त ने कहा कि इन स्क्रीनों का उपयोग किसी प्रकार की अफवाहों को रोकने में भी लिया जा सकता है। 

मंडलायुक्त ने डी आई जी एवं उपाध्यक्ष प्राधिकरण के स्तर पर स्मार्ट सिटी की बैठकों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि  डी आई जी एवं उपाध्यक्ष प्राधिकरण के स्तर पर स्मार्ट सिटी की बैठकों से स्मार्ट सिटी के कार्यो की प्रॉपर देख रेख की जा रही है। उन्होंने जी आई सी मैप के कार्यों की जानकारी ली और कहा कि इसकी तकनीकी समस्याओ को दूर किया जाए। उन्होंने आई सी सी सी पर आधारित वीडियो को भी देखा। 

मंडलायुक्त ने स्मार्ट पोलिसिन के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने शहर में लगाये जा रहे कैमरों की जानकारी ली। इसी के साथ चिन्हित किये गए स्थलों पर पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम लगाए जाने पर निर्णय लिया गया। मंडलायुक्त ने कहा कि पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम उच्च क्वालिटी का लगाया जाए। उन्होंने कहा कि पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम लॉ एंड आर्डर की स्थिति भी कंट्रोल की जा सकती है। इसी के साथ पब्लिक की सुरक्षा के लिए बस सेल्टर मे कैमरा, लाइट, पैनिक बटन, मोबाइल चार्जिंग के साथ सोलर सिस्टम लगाये जाने पर विचार किया गया। पुलिस के वाहनों को कैमरों से लैस करने पर विचार किया गया, जिसके तहत यू पी 100 की गाड़ियों पर कैमरा लगाए जाने पर भी विचार विमर्श किया गया। ड्रोन कैमरों को आईं सी सी सी से कनेक्ट कराने पर भी विचार किया गया। इसी के साथ ट्रैफिक सिस्टम को और मजबूत करने के लिए स्पीड लिमिट से अधिक तेज गाड़ी चलाने वालों का चालान किया जाए। इसी तरह गलत साइड पर वाहन चलाने पर भी फाइन काटने का विचार किया गया। 

मंडलायुक्त ने सर्विलांस कैमरों की मदद से  पब्लिक की सुरक्षा के लिये शहर में प्रवेश करने वाले तथा शहर में घूमने वाले संदिग्ध लोगों को चिन्हित कर उन्हें पकड़ने पर जोर दिया। इसी के साथ फेक नंबर या चोरी के वाहन को भी कैमरों की मदद से पकड़ने पर जोर दिया गया। पुलिस थानों और कारागार को भी कैमर्रो से युक्त किये जाने पर विचार किया गया। सुरक्षा को और पुख्ता करने की दिशा में कैदियों को ले जाने वाले वाहनों पर भी कैमरा लगाये जाने पर विचार किया गया। इसी के क्रम में बैंकों के पैसा ले जाने वाहनों पर भी कैमरा लगाए जाने हेतु बैंको से बात करने पर विचार किया गया। शहर में चल रहे है स्कूल,  हॉस्पिटल, शॉपिंग मॉल, पेट्रोल पंप पर अनिवार्य रूप से कैमरा लगाए जाने हेतु संबंधित संस्थानों से बैठक करने पर विचार किया गया। इसके के साथ इन सभी कैमरों को आई सी सी सी से कनेक्ट किये जाने पर विचार किया गया।



Share To:

Post A Comment: