कोरिया जिले के मनेन्द्रगढ़ सहित पूरे कोयलांचल एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रो में अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाने में आबकारी और पुलिस प्रशासन पूरी तरह नाकामयाब साबित हो रहे हैं।

चुनाव हो गए सरकार बदल गई और नई सरकार भी बन गई लेकिन इसके बाद भी अधिकारी की लापरवाही देखने को मिल रही है। आम जनता बड़ी उम्मीद लगाए बैठी थी कि सरकार बदलते ही अधिकारी सकते में आएंगे लेकिन आज भी शहरी एवं ग्रामीण अंचल में दिनोंदिन कच्ची शराब की बिक्री जोरों पर चल रही है।

क्षेत्र में इन दिनों कच्ची महुआ शराब की बिक्री जोरों पर देखने को मिल रही है। शराब के कारण घरों विवाद हो रहे है। इन दिनों मनेन्द्रगढ़, झगराखाण्ड, लेदरी, खोंगापानी तथा आसपास के कई ग्रामीण अंचल है, जहां पर महुआ की कच्ची शराब की बिक्री जोरों पर चल रही है। ग्रामीण अंचल में शराबियों का हुजूम लगा कर शराब पीते हैं, शाम की समय यह नजारा अलग ही दिखाई देता है।

जगह-जगह आसानी से शराब मुहैय्या होने के कारण युवा नशे के आदी हो रहे है, नगर सहित ग्रामीण क्षेत्रो में गली-गली तक अवैध तरीके से शराब बिक्री के चलते आपराधिक प्रकरणों में पहले की अपेक्षा काफी हद तक वृद्धि देखी गई है। आसानी से शराब मिलने और उसे खरीदने की लालसा में कई युवा गलत तरीकों से पैसा कमाने की चाहत मे गलत रास्ते चुनने लगे है।

मनेंद्रगढ़, जिला कोरिया, छत्तीसगढ़ से संजीव गुप्ता/राजेश सिन्हा की खास रिपोर्ट

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