प्रजातंत्र में क्रिया की प्रतिक्रिया स्वाभाविक हैं।विरोध करना या विरोध होना प्रजातंत्र का नैतिक आधार हैं।में खुले मन से स्वागत करता हूँ की मेरा विरोध माननीय मुख्यमंत्री कमलनाथ जी के समक्ष इसलिए किया जा रहा हैं की मैंने माननीय मुख्यमंत्री कमलनाथ जी को अपशब्द कहने वाले जगदीश यादव को ज़मीन दिखा दी हैं।यादव महासभा को न्यायालय के निर्देश एंव निर्णय से फ़र्ज़ी साबित किया हैं।

बीस सालों से यादव समाज को ठग रहे थे।दूसरा कारण हैं विरोध करने का मेरे द्वारा माफियाओं का विरोध करना।हमारे मुख्यमंत्री म.प्र. में माफियाओ के ख़िलाफ़ खुली जंग लड़ रहे हैं ऐसे समय में यादव समाज का सहारा लेकर फ़र्ज़ी यादव महासभा ने माफियाओ के पक्ष में ज्ञापन देकर मुख्यमंत्री की माफ़िया के ख़िलाफ़ जंग को यादव समाज के नाम से प्रभावित करने की कोशिश की थी।

जिसका मैंने तथा यादव अहिर सेना ने कड़ा विरोध किया क्योंकि यादव समाज अपराधियों का समाज नहीं हैं।

अगर इन बातों की वजह से मेरा विरोध किया जाता हैं तो में गर्व महसूस करता हूँ की मैंने कॉंग्रेस के मुख्यमंत्री के अपमान के ख़िलाफ़ खुल के लड़ाई लड़ी तथा माफियाओ का खुलकर विरोध किया क्योंकि माफिया किसी समाज या जात का नहीं होता हैं।माफ़िया सिर्फ़ अपराधी होता हैं।जिसे न्याय देने का अधिकार न्यायालय का हैं किसी भी समाज का नहीं ।

कॉंग्रेस एंव यादव समाज में शुद्ध के लिए युद्ध माननीय मुख्यमंत्री कमलनाथ जी के नेतृत्व में लगातार जारी रहेगा ।


राकेश सिंह यादव
प्रदेशसचिव
म.प्र.कॉग्रेस कमेटी
भोपाल
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