रेलवे पीड़ित किसानों को नौकरी से वंचित कर रही है मोदी सरकार

... शिव सिंह

 रीवा 8 मार्च 2020.. जनता दल सेक्यूलर के प्रदेश अध्यक्ष शिव सिंह एडवोकेट ने केंद्र की मोदी सरकार पर रेलवे पीड़ित किसानों को नौकरी से वंचित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि केंद्र सरकार रेल मंत्रालय के निर्देशानुसार पश्चिम मध्य रेल अभियांत्रिकी निर्माण विभाग द्वारा मध्य प्रदेश के अंदर नई रेल लाइन परियोजना रीवा सीधी सिंगरौली एवं ललितपुर खजुराहो सतना तथा रामगंज मंडी भोपाल नई बीजी लाइन एवं गुना  रूठियावाई दोहरीकरण के लिए दिनांक 23  सितंबर 2010 को जारी रेलवे बोर्ड के पत्र  मुताबिक भूमि अधिग्रहण से प्रभावित किसानों विस्थापितों के लिए आवेदक अथवा एकमात्र मालिक जिसमें पुत्र पति पत्नी पात्र हो सकते हैं उनके लिए नौकरी का प्रावधान किया गया था जिसमें रीवा सिंगरौली रेल लाइन परियोजना के लिए लगभग 800 किसान परिवार की भूमिया अधिग्रहित की गई थी लेकिन जब किसानों को नौकरी से वंचित रखा गया तब पार्टी द्वारा लगातार सन 2015 से पीड़ित किसानों को नौकरी  दिलाने आंदोलन चलाया गया जिसमें अभी तक में लगभग 400 किसान परिवार के सदस्यों को नौकरी प्रदान की गई है लेकिन अभी आधे किसान परिवार के सदस्यों को नौकरी से वंचित रखा गया है इसी दौरान रेलवे बोर्ड के पत्र दिनांक 1 सितंबर 2016 के मुताबिक 80 परिवारों को अधिक आयु सीमा के तहत भी नौकरी दी गई थी इसी तरह नागपुर महाराष्ट्र से कटंगी तिरोड़ी बड़ी रेल लाइन ब्रॉडगेज आमान परिवर्तन हेतु जिला बालाघाट के तिरोड़ी  पौनिया चौखंडी हीरापुर चिक मारा अर्जुननाला गांव के 114 किसान परिवार की जमीने सन 2015 में अधिग्रहित की गई थी उनको भी जब नौकरी प्रदान नहीं की गई तब दिनांक 17 फरवरी 2018 को एसडीएम कटंगी के समक्ष आंदोलन प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री व रेल मंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन पार्टी द्वारा सौंपा गया था जिसमें 214 किसान  परिवार में से 55 किसान परिवारों को अभी तक में नौकरी दी  गई है बाकी किसान परिवार अभी भी नौकरी से वंचित हैं  तथा आत्महत्या को मजबूर हो रहे श्री सिंह ने बताया कि भारत सरकार एवं रेल मंत्रालय तथा रेलवे बोर्ड के संयुक्त निर्णय मुताबिक दिनांक 11 नवंबर 2019 को रेल परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण से प्रभावित भूमि विस्थापितों को मुआवजा देने से संबंधित नीति में संशोधन करते हुए रेल अधिग्रहण प्रभावित भूमि विस्थापितों को रेलवे में नियुक्त की पेशकश करने की रेल मंत्रालय की पूर्व नीति को वापस ले लिया गया है इस तरह से पूर्व रेल नौकरी नीति पर सरकार ने अतिक्रमण करते हुए यह आदेश जारी किया है कि प्रभावित परिवारों को एकमुश्त 5 लाख प्रदान कर उनके नौकरी के अधिकार छीन लिए जाएं जो दुर्भाग्यपूर्ण है श्री सिंह ने स्पष्ट किया है कि उक्त आदेश के पैरा क्रमांक 5 में यह स्पष्ट लेख है कि यह नीति इस पत्र के जारी होने की तारीख से लागू होगी लेकिन रेलवे बोर्ड  लगातार रीवा सीधी सिंगरौली तथा बालाघाट कटंगी तिरोड़ी रेलवे लाइन के किसान परिवारों को नौकरी देने में हिला हवाली कर रहा है तथा उक्त आदेश  का हवाला देकर किसानों को प्रताड़ित किया जा रहा है सरकार तत्काल किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए कदम उठाएं अन्यथा किसान आंदोलन को मजबूर होगा l

                         भवदीय
                  शिव सिंह एडवोकेट
प्रदेश अध्यक्ष जनता दल सेकुलर मध्य प्रदेश 9893229788
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