गरीबों की जगह मध्यप्रदेश के विधायकों को क्लोरीन से  नहलाना जरूरी..... शिव सिंह

कलयुग की कलम 

 31 मार्च 2020... जनता दल सेक्यूलर के प्रदेश अध्यक्ष शिव सिंह एडवोकेट ने केंद्र सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि कोरोना वायरस की दहशत से दिल्ली से लखनऊ पहुंचे गरीब बेसहारा मजदूरों पर 29 मार्च को लखनऊ की सड़कों पर हजारों गरीब मजदूरों को भेड़ बकरी की तरह सड़क में बैठाकर उनके ऊपर फायर मशीन से क्लोरीन  का छिड़काव किया गया जिससे कई गरीब मजदूरों की आंखें खराब हो गई तथा वह बीमार भी पड़ गए जिसकी घोर निंदा करते हुए श्री सिंह ने कहा कि एक तरफ अमीर की कोरोना जांच किट से की जा रही है दूसरी तरफ गरीब मजदूर  के शरीर में जहर का छिड़काव कर उन्हें मारने का प्रयास किया गया जो एक आपराधिक कृत्य है श्री सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि जो गरीब मजदूर मेहनतकश लोग होते हैं उन पर कोरोना जैसी बीमारी का असर जल्दी नहीं होता है इस बीमारी को  विदेशों से हवाई यात्रा के माध्यम से  लाने का काम सिर्फ सांसद विधायक मंत्री पूंजीपति उद्योगपति अमीरों ने किया है और सरेआम सजा दी जा रही है गरीब मजदूरों को जो बेहद निंदनीय है श्री सिंह ने समाचार पत्रों से हुए खुलासे पर स्पष्ट किया कि ग्वालियर स्टेट के विजयपुर विधानसभा के बीजेपी विधायक सीताराम आदिवासी के डॉक्टरों  एवं समाचार पत्रों के हवाले से कोरोना वायरस के लक्षण पाए जाने का खुलासा किया गया है जिनका जांच परीक्षण  किया जा रहा है इस संबंध में मैंने 23 मार्च  को ही मध्य प्रदेश के राज्यपाल एवं डीजीपी भोपाल से मांग किया था कि मध्य प्रदेश के सियासी उठापटक दौरान बीजेपी एवं कांग्रेस  तथा अन्य दलों के विधायक कोरोना कहर के दौरान कई दिनों तक अन्य राज्यों में बेंगलुरु दिल्ली मानसेर भोपाल के वीआईपी होटलों में रोके गए थे उसी दौरान कई हवाई यात्राएं किए तथा पूंजीपतियों व उद्योगपतियों से मिले और उसी समय 22 मार्च को ही समूचे भोपाल सहित मध्य प्रदेश के अंदर 31 मार्च तक के लिए लॉक डाउन घोषित किया गया था  तथा धारा 144 लगा दी गई थी  और दूसरी तरफ मध्य प्रदेश के राज्यपाल  शिवराज सिंह को सीएम पद की शपथ दिलाने  घोषणा कर  डालें और सभी विधायक भोपाल वापस आने लगे उसी समय मैंने यह स्पष्ट रूप से मांग किया था कि भोपाल पहुंचते ही सीएम सहित सभी विधायकों का कोरोना टेस्ट  कराकर उनकी जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए क्योंकि विधायकों से कोरोना वायरस फैलने का संकट ज्यादा है इसलिए शपथ का कार्यक्रम भी रोका जाए लेकिन ऐसा नहीं किया गया और जिम्मेदार व्यक्तियों द्वारा धारा 144 का उल्लंघन किया गया जिसका खामियाजा विजयपुर विधायक सीताराम आदिवासी  के जांच का समाचार पत्रों में खुलासा हुआ इसलिए यह महामारी आयात करने के दोषी गरीब मजदूर नहीं  दोषी है तो विधायक मंत्री सांसद पूंजीपति उद्योगपति इसलिए उत्तर प्रदेश के अंदर गरीब मजदूरों के साथ जो कृत्य किया गया वह निंदनीय है यदि कोरोनावायरस रोकने क्लोरीन से नहलाना ही है तो मध्यप्रदेश के विधायकों को नहलाया जाए मैं प्रदेश की जनता से अपील भी करता हूं कि जब तक इन विधायकों की कोरोना जांच ना हो जाए तब तक जनता इनसे मुलाकात ना करें अन्यथा महामारी के गंभीर परिणाम हो सकते हैं l

                   

              शिव सिंह एडवोकेट

 प्रदेश अध्यक्ष जनता दल सेक्युलर




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